Check the settings
Templates by BIGtheme NET
Home » चौपाल (page 20)

चौपाल

होली का फाग : हमें दुःख होता है तब जब हमें अंकल कह बदनाम करते हैं – MBB सिन्हा

हमें दुःख होता है तब जब हमें अंकल कह बदनाम करते हैं. देखते ही मुझे अंकल कह प्रणाम करते हैं. हम चाचा हैं तीस बरस के, चाची बीस के लगती है. चाचा बिग लगाते हैं, पर चाची सबकी लगती है. सभी भतीजों को मैं कहता, कहीं भ्रम फैलाओ मत. केवल ग्रुप में जुड़-जुड़कर, उधार का अक्ल लगाओ मत. देखा तुम ...

Read More »

ABKM विवाद : यदि ए बी के एम में कायस्थ एकता करने की आज छटपटाहट ” आ गयी हैं तो कौन सा अपराध हो गया हैं – बृजेश कुमार श्रीवास्तव

मै बृजेश कुमार श्रीवास्तव , आज भी कायस्थ एकता का ही कार्य कर रहा हूँ , केवल अपना लक्ष्य निर्धारित कर लिया हैं , स्थान यानी यूनिट निर्धारित कर लिया हैं , और वह हैं " फैजाबाद की कायस्थ समाज " आज ए बी क एम की छटपटाहट देख कर हमें गर्व हो रहा हैं " कमसे कम आज ए बी ...

Read More »

ABKM विवाद : संजीव जी अखिल भारतीय कायस्थ महा सभा ” से इतनी नफरत क्यों -बृजेश कुमार श्रीवास्तव

संजीव जी :--- आशीर्वाद आप का यह लेख पढ़ कर मन ग्लानि से भर गया , स्व्यम्भू बनने की जिस उत्कृष्ट उत्कंठा को आप का यह लेख आज उजागर कर गया , उससे अंतर मन पीड़ा से कराह उठा ! जिस कायस्थ वृन्द को आप महिमा मंडित कर गये उसका अस्तित्व ही देश की सभी संगठनो को मंच देने के ...

Read More »

ABKM विवाद : यह सच है कि ABKM नेतृत्व विहीन है -MBB सिन्हा

यह सच है कि ABKM नेतृत्व विहीन है. बेचैनी चार माह की नहीं, विगत 15 वर्षों से है. जब माली ही बाड को  खाने लगे तो समाज को बेचैन होना लाजिमी है.लल्लू गए -कल्लू आये. यह परिपाटी भी एक दिन समाप्त होगी. हम उस समाज के अंग हैं, जहाँ पद लोलुपता, निजी स्वार्थ, नाम की चाह एवं स्व अहंकार ने ...

Read More »

ABKM विवाद : “A.B.K.M. में छटपटाहट क्यों” – संजीव सिन्हा

देश की सबसे पुरानी जातीय संस्था कही जाने वाली अखिल भारतीय कायस्थ महासभा में विगत लगभग 4 माह से बहुत बेचैनी है। ये बेचैनी क्यों है? यह विचारणीय प्रश्न है। एक नजर इसके विश्लेषण पर :- 1. एकता का जो प्रयास ABKM को करना चाहिए था उसे कायस्थ वृंद ने शुरु किया। 2. विकास की जो पहल उन्हें करना चाहिए ...

Read More »

आओ बनाएं कर्मयोगी कायस्थाना -संकेत श्रीवास्तव

चित्रांशो सादर प्रणाम, हमारे कायस्थ समाज में अनेकों संगठन कार्यशील हैं भाइयो ,ये सर्वविदित तथ्य है ! प्रत्येक कायस्थ आयोजन ,सभा या महासभा में समाज का बड़ा वर्ग बढ़चढ़ कर हिस्सा ले रहा है और तन ,मन,धन न्यौछावर करने को तैयार है। यह देखकर अपार हर्ष की अनुभूति होती है। परन्तु आश्चर्य तब होता है,जब हमारे बड़े कायस्थ नेता , ...

Read More »

बढता जा रहा है “जय चित्रांश आन्दोलन” का वैचारिक प्रभाव-धीरेन्द्र श्रीवास्तव

बढता जा रहा है "जय चित्रांश आन्दोलन" का वैचारिक प्रभाव। आम कायस्थों की ओर ध्यान आकृष्ट कर रहे है महत्वपूर्ण संस्थायें व गणमान्य। पहले श्रीमती नीरज श्रीवास्तव जी को देश की महत्वपूर्ण सामाजिक संस्था "अखिल भारतीय कायस्थ महासभा" फिर श्रीमती रमन सिन्हा जी को प्रमुख राजनीतिक दल "राष्ट्रव्यापी जनता पार्टी "द्वारा महत्वपूर्ण उत्तरदायित्व दिया जाना "कायस्थ एकता व विकास"की अवधारणा ...

Read More »

क्या अपनी पहचान बनाने के लिए आर के सिन्हा की आलोचना करना एक ट्रेंड बन गया है ? : आशु भटनागर

आज की सुबह जब हम सभी लोग आम बजट के लिए तैयारी कर रहे थे तब अचानक सोशल मीडिया पर कल जयपुर में हुए सामहिक विवाह पर चर्चा शुरू हो रही थी I हालांकि जहा इस कार्यक्रम के लिए कुछ अच्छी बातें होनी चाह्यी थी , एक अनजान चेहरे ने वहां मुख्य अतिथि बन कर पहुंचे राज्य सभा सांसद आर ...

Read More »

कायस्थ चौपाल – कायस्थ संगठनो में विश्वास का संकट बड़ी चुनौती : महथा ब्रज भूषण सिन्हा

कार्यस्थ सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री सुरेन्द्र कुलश्रेष्ठ की भावनाएं स्वागत योग्य है. वहीँ यह इस बात का संकेत भी है कि कायस्थ संस्थाएं चाहे जो भी हो, सुधर नहीं सकते और न ही उन्हें सुधारने का दम-ख़म किसी के पास है. यह गहरी निराशाजनक  है. मेरा मानना है कि आप कई संस्थाओं के नहीं, अपनी पसंद के कोई एक ...

Read More »

सर्वानंद जी खबर लाये है : कायस्थ नेता – दिन भर चले अढाई कोस

सर्वज्ञानी सर्वानंद जी को एक खबर मिली. “ दिन भर चले अढाई कोस ” कहावत सुनी होगी. पर हमने एक दूसरी कहावत गढ़ी है, “साल भर चले, और तीन डग भरे.”  आज इस पर रिसर्च करने का मन कर रहा था सो निकल पड़े. ऐसे तो हम सर्वज्ञानी है, सबकुछ जानने का दावा है मेरा, पर कुछ ऐसे समाचार मिल ...

Read More »